कोंडागांव जिले में महिलाओं के साथ अपराध करने वालों के खिलाफ पुलिस की सख्ती जारी है। थाना उरंदाबेडा पुलिस ने महिला के साथ बेइज्जती एवं गलत नियत से छेड़छाड़ करने वाले आरोपी को घटना के 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे केंद्रीय जेल जगदलपुर भेज दिया गया।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 09 मार्च 2026 को पीड़िता अपने मां के गांव से अपने घर लौट रही थी। इसी दौरान आरोपी कामेश्वर नाग (23 वर्ष) पिता अधिराम नाग, निवासी मांदागांव थाना बड़ेडोंगर जिला कोंडागांव ने महिला को अकेला देखकर उसके साथ गलत काम करने की नियत से उसके पास पहुंचकर छेड़छाड़ शुरू कर दी।
बताया जा रहा है कि आरोपी ने महिला को जमीन पर गिराकर उसके ऊपर चढ़ गया और उसके शरीर के अंगों को छूते हुए छेड़छाड़ करने लगा। पीड़िता ने साहस दिखाते हुए आरोपी को धक्का देकर शोर मचाया, जिसके बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचने लगे। लोगों को आते देख आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया।
घटना की रिपोर्ट पर थाना फरसगांव में बिना नंबर अपराध 00/2026 धारा 74 बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर महिला विवेचक द्वारा पीड़िता का कथन एवं मेडिकल परीक्षण कराया गया। घटना स्थल थाना उरंदाबेडा क्षेत्र में आने के कारण थाना उरंदाबेडा में अपराध क्रमांक 03/2026 धारा 74 बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
पुलिस ने आरोपी की तलाश के लिए मुखबिर तंत्र सक्रिय किया। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर आरोपी कामेश्वर नाग को ग्राम गोडमा चौक से हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जहां उसने अपराध स्वीकार कर लिया। इसके बाद पुलिस ने 10 मार्च 2026 को दोपहर 2 बजे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय कोंडागांव में पेश किया, जहां से न्यायालय के आदेश पर आरोपी को केंद्रीय जेल जगदलपुर भेज दिया गया।
कोंडागांव के पुलिस अधीक्षक श्री पंकज चंद्रा (भा.पु.से.) के मार्गदर्शन में महिलाओं एवं बालिकाओं के साथ होने वाले अपराधों पर रोक लगाने के लिए पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है।
इन पुलिस अधिकारियों का रहा सराहनीय योगदान
आरोपी की गिरफ्तारी में थाना प्रभारी उरंदाबेडा निरीक्षक रोशन कौशिक, थाना प्रभारी बड़ेडोंगर उपनिरीक्षक अमिताभ खांडेकर, सहायक उपनिरीक्षक शिव ठाकुर तथा थाना बड़ेडोंगर और उरंदाबेडा पुलिस बल के सहायक उपनिरीक्षक बुधमल समरथ, आरक्षक 342 नरेंद्र नेताम, आरक्षक 990 हेमराज नेताम एवं डीएसएफ आरक्षक 2131 प्रीतम ठाकुर का विशेष योगदान रहा।










