तुलेश्वर शार्दुल कि रिपोर्ट
*आजादी के पहले से चली आ रही परम्परानुसार जगन्नाथ मंदिर सुरडोंगर स्थित भगवान जगन्नाथ जी, बलभद्र और सुभद्रा की मन मोहक मुर्तियो को मंदिर से रथ मे सवार कर भव्य शोभा यात्रा निकाली गई। यह रथ यात्रा सुरडोंगर से निकलकर नगर के मुख्य मार्गो से गुजरते हुए शिव मंदिर सुरडोंगर, नाका चौक से बस स्टैंड होकर बोरगांव डिहीपारा होकर वापस पंचवटी तक जाकर हरेश्वर महादेव मंदिर ब्लाक कालोनी मे समाप्त हूई। शोभा यात्रा के दौरान सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालुओं ने आकर रथ खींचा तथा भगवान का आशीर्वाद प्राप्त किया। आयोजन समिति ने मून्ग, चना का प्रसाद रखा था व पूरे नगर मे बंटवा दिया।*
*केशकाल में इस रथ यात्रा का आयोजन सुरडोंगर के बलराम गौर , गायता, पटेल, पुजारी तुलसी मानस प्रतिष्ठान* *जिला कोण्डागांव के पदाधिकारी गणो विश्व हिन्दू परिषद, बंजरग दल , अनेक मंदिर समितियो व स्थानीय ग्रामवासियों द्वारा किया गया। रथ यात्रा निकलने पर नगर के श्रद्धालुओं को भगवान जगन्नाथ, दाऊ बलराम और बहन सुभद्रा के रथ खींचने के साथ दर्शन करने का शुभअवसर प्राप्त हुआ। इस दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामवासी भी उपस्थित रहे*। *हिंदू पंचांग के अनुसार आषाढ माह मे शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को ही भव्य उत्साह के साथ जगन्नाथ रथ यात्रा निकाले जाने का विधान है। इस वर्ष 2024 में यह पावन यात्रा सात जुलाई से आरंभ हुई और इसका देवशयनी एकादशी के पर्व के साथ ही पूरे विधि-विधान के अनुसार समापन किया जाएगा। भगवान जगन्नाथ की यह यात्रा लगभग दस दिनों तक चलती है, जिसमें प्रथम दिन भगवान जगन्नाथ की सेवा मे सोमवार को -जय बंजरग मानस परिवार सुरडोंगर की, मंगलवार को मोर संगवारी मानस परिवार डिलीट पारा की प्रस्तुति हुई है। शेष सभी मंडली शिव भोले बालिका मंडली, सुरडोंगर, श्यामा श्याम सत्संग मानस परिवार केसकाल, जय जगन्नाथ महिला मंडली सुरडोंगर, श्री राम मानस प्रचार समिति डिहीपारा, मा शारदा मानस परिवार बोरगांव यह जानकारी देते हुए प्रदेश सलाहकार लोकेश गायकवाड ने बताया कि इसके अलावा विकासखंड केशकाल , बडेराजपुर की भी मंडलिया सेवा भाव से 15 जुलाई सोमवार शाम तक अपनी प्रस्तुति दे सकती है।










